उद्धव ठाकरे को एक और झटका, बेटे आदित्य के करीबी और एमएलसी सचिन अहीर एकनाथ शिंदे की शिवसेना में गए
मुंबई। छह लोकसभा सांसदों के पाला बदलने के बाद उद्धव ठाकरे को एक और झटका लगा है। उद्धव ठाकरे की शिवसेना-यूबीटी से विधान परिषद सदस्य यानी एमएलसी सचिन अहीर भी एकनाथ शिंदे की शिवसेना में शामिल हो गए हैं। शिंदे ने सचिन अहीर का डिप्टी स्पीकर पद के लिए नामांकन भी करवा दिया है। सचिन अहीर की ओर से पर्चा भरे जाने के वक्त एकनाथ शिंदे के साथ महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस और डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार भी मौजूद थे।
सचिन अहीर को उद्धव ठाकरे के विधायक बेटे आदित्य ठाकरे का बहुत करीबी माना जाता रहा है। सचिन अहीर पहले शरद पवार की एनसीपी में थे। एनसीपी छोड़कर वो उद्धव ठाकरे की पार्टी में आए थे। सचिन अहीर के उद्धव का साथ छोड़कर एकनाथ शिंदे की शिवसेना में जाने के बाद शिवसेना-यूबीटी के राज्यसभा सांसद और ठाकरे के करीबी संजय राउत ने प्रतिक्रिया में कहा कि अगर सचिन अहीर को अपने फैसले पर भरोसा है, तो इस्तीफा देकर दोबारा जनता के सामने जाएं। संजय राउत ने कहा कि गद्दारी करना चाहते हैं, तो इस्तीफा देकर दोबारा चुनाव लड़ें। फिर पता चलेगा कि यवतमाल-वाशिम की जनता गद्दारों के साथ है या वफादारों के साथ।
इससे पहले उद्धव ठाकरे की शिवसेना-यूबीटी के छह लोकसभा सांसदों नागेश पाटिल आष्टिकर, भाऊसाहेब राजाराम वाकचौरे, संजय दीना पाटिल, संजय जाधव, संजय देशमुख और ओमप्रकाश निंबालकर ने एकनाथ शिंदे की शिवसेना में शामिल होने का एलान करते हुए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को चिट्ठी लिखी थी। इससे उद्धव की पार्टी के सिर्फ 3 ही सांसद लोकसभा में बचे हैं। उद्धव ठाकरे को सबसे पहले एकनाथ शिंदे ने दिया था। वो 2022 में 40 विधायकों के साथ अलग हुए थे और शिवसेना का नाम और उसका चुनाव चिन्ह तक हासिल कर लिया। उद्धव ठाकरे इसके बाद सुप्रीम कोर्ट गए, लेकिन अब तक मामले पर फैसला नहीं हुआ है। ऐसे में सचिन अहीर को अपने पाले में लाकर एकनाथ शिंदे ने उद्धव को एक और झटका दिया है। वहीं, अटकलें हैं कि उद्धव की पार्टी के 20 में से 14 विधायक भी जल्दी ही शिंदे की शिवसेना में जा सकते हैं।
