आईबी अफसर अंकित शर्मा हत्या मामले में पूर्व आप पार्षद ताहिर हुसैन समेत पांच आरोपी दोषी करार
नई दिल्ली। इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) अफसर अंकित शर्मा की 2020 के दिल्ली दंगों के दौरान हुई हत्या मामले में दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया है। अदालत ने आम आदमी पार्टी के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन को दोषी करार दिया है। नजीम, काशिम, अनस और जावेद को भी आईबी अफसर की हत्या का दोषी ठहराया है। हालांकि कोर्ट ने 6 आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया है। इससे पहले 7 जुलाई को कड़कड़डूमा कोर्ट ने अपना फैसला टाल दिया था। दिल्ली पुलिस ने सभी 11 आरोपियों के खिलाफ भारतीय संविधान की धारा 109, 114, 147, 148, 149, 436, 15 3A, 505, 365, 302, 201, 120B, 34 के तहत चार्जशीट दाखिल की थी।
नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) को लागू करने के विरोध में दिल्ली में 2020 में कई दिनों तक प्रदर्शन चला था और उसी दौरान दंगे भड़क गए थे। उसी दौरान आईबी अफसर अंकित शर्मा 25 फरवरी 2020 को लापता हो गए थे। अगले दिन 26 फरवरी को उनका शव चांदबाग पुलिया के पास खजूरी खास नाले से बरामद किया गया था। अंकित शर्मा का शव बहुत ही क्षत विक्षत हालत में था जिसे देखकर यह अंदाजा लगाया जा रहा था कि बहुत ही बेरहमी से उनकी हत्या की गई थी। बाद में पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनके शरीर पर चोट के कुल 51 निशान थे, जिसमें से जांघ, पैर, छाती और शरीर के पिछले हिस्से में 12 घाव चाकू से गोदने के थे।
इसके अलावा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यह भी जानकारी सामने आई थी कि रॉड और डंडे जैसे भारी ऑब्जेक्ट से अंकित शर्मा के सिर और शरीर पर कई वार किए गए थे। अंकित शर्मा की जघन्य हत्या का मामला संसद में भी उठा था। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में इस मामले में चर्चा करते हुए बताया था कि एसआईटी को एक वीडियो हाथ लगा है, जिसमें अंकित शर्मा की हत्या के राज छुपे हैं। यह वीडियो एक आम नागरिक ने भेजा है।
