चक्रवात दाना से तबाही का मंजर, 110 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चल रही हवाएं, 14 लाख लोग सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए
नई दिल्ली। चक्रवाती तूफान दाना ने ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटीय इलाकों में कहर बरपा रखा है। 110 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चलने वाली हवाओं के कारण क्षेत्र में भारी बारिश हो रही है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ओडिशा के करीब 14 लाख लोगों को सुरक्षित शिविरों में पहुंचा दिया गया है।
तटीय इलाकों में हाई अलर्ट, ट्रेन और फ्लाइट सेवाएं प्रभावित
चक्रवात दाना के कारण पश्चिम बंगाल, ओडिशा और छत्तीसगढ़ में लगभग 300 से अधिक ट्रेनें रद्द की गई हैं। कोलकाता एयरपोर्ट भी सुबह 9 बजे तक बंद रहा, जिससे 281 घरेलू और 29 अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को रद्द करना पड़ा है। साथ ही, मछुआरों को अगले दो दिनों तक समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है। ओडिशा के 12 से अधिक जिलों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।
एनडीआरएफ की टीमें तैनात, सुरक्षा के कड़े इंतजाम
ओडिशा में चक्रवात से निपटने के लिए एनडीआरएफ की 288 टीमों को तैनात किया गया है। साथ ही राज्य सरकार ने तटीय इलाकों में सुरक्षा के इंतजाम पुख्ता कर दिए हैं। ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने राजीव भवन, भुवनेश्वर में लैंडफॉल के बाद की स्थिति का जायजा लिया और राहत कार्यों की निगरानी की।
दाना का असर बिहार और झारखंड तक
मौसम विभाग का कहना है कि चक्रवात दाना का असर ओडिशा, पश्चिम बंगाल के साथ-साथ बिहार और झारखंड में भी देखने को मिलेगा। माना जा रहा है कि तूफान ओडिशा के धामरा बंदरगाह के आसपास सतह से टकरा सकता है और इससे कई क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर नुकसान हो सकता है।
भारतीय तटरक्षक बल हाई अलर्ट पर
चक्रवात के मद्देनजर भारतीय तटरक्षक बल को हाई अलर्ट पर रखा गया है। समुद्र में किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए जहाजों और विमानों को तैनात कर दिया गया है। रक्षा मंत्रालय ने बयान में कहा है कि तटरक्षक बल स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहा है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।
भारी नुकसान की आशंका
चक्रवात दाना के कारण ओडिशा, पश्चिम बंगाल और आंध्र प्रदेश में भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। ओडिशा के 10 लाख और पश्चिम बंगाल के 3.5 लाख से अधिक लोगों को राहत शिविरों में शिफ्ट किया गया है।
