पाकिस्तान को ऑपरेशन सिंदूर-2 का डर, राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने कहा- भारत से बातचीत ही एकमात्र रास्ता
इस्लामाबाद। पाकिस्तान हमेशा बड़े-बड़े दावे कर भारत को धमकी देता रहता है। पाकिस्तान ने ऑपरेशन सिंदूर में भी भारत को बड़ा नुकसान पहुंचाने का दावा किया था, लेकिन पाकिस्तान के नेता और सेना ये अच्छी तरह जानते हैं कि भारत से वे कभी जंग नहीं जीत सकते। अब पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने जो कहा है, वो ढोंगी और बड़बोले पाकिस्तान में भारत के ऑपरेशन सिंदूर-2 के डर को दिखाता है।
आसिफ अली जरदारी ने पाकिस्तान की संसद को संबोधित करते हुए आशंका जताई कि भारत उनके मुल्क के खिलाफ एक और युद्ध की तैयारी कर रहा है। पाकिस्तान के राष्ट्रपति ने कहा कि भारत के नेता खुलेआम युद्ध की बात कर रहे हैं। इसके बाद ही जरदारी ने जो कहा, उससे साफ हो गया कि भारत से पाकिस्तान किस कदर डरता है। जरदारी ने कहा कि वो खुद क्षेत्र में शांति के समर्थक हैं और युद्ध के रास्ते की सिफारिश नहीं करते। पाकिस्तान के राष्ट्रपति ने कहा कि भारत से बातचीत के लिए पाकिस्तान तैयार है और क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए युद्ध नहीं, बातचीत ही एकमात्र रास्ता है। हालांकि, जरदारी ने कश्मीर मसले को उठाया और ये गीदड़भभकी भी दी कि भारत को खामियाजा भुगतना होगा
पाकिस्तान पहले भी कई बार भारत से बातचीत का ढोंग दिखा चुका है। जबकि, हकीकत है कि पाकिस्तान 1948 से लेकर 2025 तक हर युद्ध और सैन्य संघर्ष में भारत से बड़ी मार खा चुका है। इस वजह से ही पाकिस्तान अपने यहां आतंकियों को पालता पोसता है। इन आतंकी संगठनों के जरिए पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद फैलाकर हजारों निर्दोष लोगों और सेना के जवानों की जान ली है। 2014 में मोदी सरकार के सत्ता संभालने के बाद पाकिस्तान को हर बड़े आतंकी हमले का खामियाजा सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर में भुगतना पड़ा है। कुछ महीने पहले तक पाकिस्तान के नेता और वहां के सेना प्रमुख भारत को धमकी भी दे रहे थे कि सिंधु जल समझौता फिर से लागू न करने को युद्ध माना जाएगा, लेकिन जरदारी के बयान से साफ है कि वो भीतर ही भीतर भारत से थर-थर कांप रहा है।
