होर्मुज जलडमरूमध्य से आखिर कहां गायब हो गया अमेरिका का फ्यूल विमान? लापता होने से पहले भेजा था इमरजेंसी सिग्नल
नई दिल्ली। ईरान और अमेरिका में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी वायुसेना के KC-135 स्ट्रैटोटैंकर विमान के गायब होने की खबर से हड़कंप मचा हुआ है। बताया जा रहा है कि 5 मई को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के ऊपर विमान के सिग्नल चले गए और उसके बाद से उसका कोई अता पता नहीं है। लापता होने से पहले अमेरिका का फ्यूल विमान की तरफ से इमरजेंसी सिग्नल भी भेजा गया था। रिपोर्ट के मुताबिक विमान एयर-टू-एयर रीफ्यूलिंग मिशन पर था। हवा में फ्यूल भरने की क्षमता के कारण इस विमान को फ्लाइंग गैस स्टेशन कहा जाता है। होर्मुज के पास विमान के अचानक रडार से लापता होने से कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक विमान ने ट्रांसपॉन्डर कोड 7700 जारी किया था और इसके बाद उसने अपनी ऊंचाई कम की और कतर की दिशा में मुड़ा। फिर कुछ देर के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के ऊपर विमान ने सिग्नल खो दिया। तब से विमान का कुछ अता पता नहीं है। फिलहाल यह भी स्पष्ट नहीं है कि उस फ्यूल विमान में कितने लोग सवार थे। वैसे आम तौर पर इस विमान को सिर्फ पायलट के द्वारा ही संचालित किया जाता है। विमान की तरफ से इमरजेंसी सिग्नल जारी किए जाने से इस बात की आशंका जताई जा रही है कि विमान में कोई तकनीकी खराबी आई होगी या किसी बाहरी खतरे से सामना हुआ होगा।
हालांकि अब तक किसी मलबे, रेस्क्यू ऑपरेशन या समुद्री अलर्ट की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। वहीं अमेरिकी की ओर से भी इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। यह घटना ऐसे समय पर हुई है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज जलडमरूमध्य में फंसे जहाजों को निकालने के लिए प्रोजेक्ट फ्रीडम शुरू करने का ऐलान किया था। वहीं ईरान ने इसको लेकर अमेरिका को चेतावनी दी थी।
