घुसपैठिए अपने आप वापस चले जाएं तो सरकार नहीं करेगी कोई केस, मौका देते हुए बोले गृह मंत्री अमित शाह
नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बंगाल में घुसपैठ का जिक्र करते हुए कहा कि पहले ममता बनर्जी के शासन में हर रोज घुसपैठ होती थी आज अखबारों में हम सब देख रहे हैं कि अब घुसपैठ करने वाले अपने आप वापस जाने लगे हैं। सीएम शुभेंदु अधिकारी और बंगाल की बीजेपी सरकार ने घुसपैठियों के लिए डिटेंशन सेंटर बनाए हैं, मगर हम सब लोग चाहते हैं कि जो घुसपैठ कर अवैध तरीके से आए हैं वो वापस चले जाएं। अगर घुसपैठिए अपने आप वापस चले जाते हैं तो बंगाल सरकार उन पर कोई केस नहीं करेगी बल्कि उनको वापस जाने में सहायता भी करेगी।
गृह मंत्री बोले, मैं आशा करता हूं कि जब पहचान के लिए अभियान चले तो उसके पहले ही ढेर सारे लोग अपने आप चले जाएंगे। हमारी सरकार का संकल्प है कि देशभर से हर घुसपैठिए को चुन चुनकर देश से बाहर निकालाना। इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक डेमोग्राफी चेंज कमेटी बनाने का निर्णय किया है। यह हाई पवार कमेटी देश भर में जो जनसांख्यिकी का कृत्रिम बदलाव हुआ है उसके कारणों का पता लगाएगी, उसके उपाय सुझाएगी और इसके लिए अगर कोई कानून बनाने की जरूरत है तो उस पर भी विचार करेगी।
शाह बोले, हमने चुनाव में कहा था कि बंगाल में बीजेपी की सरकार बनते ही बांग्लादेश से लगे बॉर्डर पर कटीले तार लगाने का काम शुरू करेंगे। मैं बंगाल के सीएम शुभेंदु अधिकारी को बधाई देना चाहता हूं कि सरकार बनने के सात दिन में ही 600 हेक्टेअर भूमि बीएसएफ को सौंपने का निर्णय लिया। चिकन नेक की 121 हेक्टेअर भूमि केंद्र सरकार को दी है। नरेंद्र मोदी ने गुजरात से जो विकास की यात्रा शुरू की थी, 12 साल में गुजरात के विकास के मॉडल को कश्मीर से कन्याकुमारी और गंगा सागर से सोमनाथ तक फैलाने का काम किया है। उत्तराखंड के गंगोत्री से लेकर बंगाल के गंगा सागर तक, भारतीय जनता पार्टी का भगवा लहराने का काम हमारे नेता नरेंद्र मोदी ने किया है।
