राम भक्तों की अग्निपरीक्षा मत लो…अयोध्या मामले में सपा, कांग्रेस की बयानबाजी की योगी आदित्यनाथ की सख्त प्रतिक्रिया, कहा-दूध का दूध, पानी का पानी करके रहेंगे
नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या राम मंदिर चंदा चोरी मामले में एक बार फिर सख्त प्रतिक्रिया दी है। 8 आरोपियों के खिलाफ एफआईआर और उनकी गिरफ्तारी पर योगी बोले, सरकार ने पहले दिन कहा था कि दूध का दूध और पानी का पानी सभी के सामने आएगा। लेकिन मैं फिर से अपील करूंगा कि राम भक्तों की अग्निपरीक्षा मत लो, राम भक्तों की आस्था के साथ खिलवाड़ करना बंद कीजिए। अगर तथ्य या प्रमाण नहीं है तो आरोप-प्रत्यारोप बंद करो और प्रमाण हैं तो एसआईटी के सामने प्रस्तुत करो। एसआईटी की सिफारिश के अनुरूप सरकार कार्रवाई आगे बढ़ा रही है।
योगी बोले, जन आस्था को सम्मान प्राप्त हो, उससे खिलवाड़ न हो। मैंने 19 जून को अयोध्या दौरे पर कहा भी था कि अयोध्या हम सबकी आस्था की प्रतीक है। अयोध्या पर आक्षेप मत करो। श्रीराम की मर्यादा का पालन करना सीखो। मैंने कहा था कि एसआईटी गठित की गई है और उसकी रिपोर्ट आने के साथ ही कार्रवाई होगी। एसआइटी की रिपोर्ट आई, तुरंत कार्रवाई प्रारंभ हो गई है। मैं आश्वस्त करता हूं दूध का दूध और पानी का पानी हम करके रहेंगे। मुख्यमंत्री ने अयोध्या पर कांग्रेस और सपा के रवैए को याद दिलाए हुए कहा, जो लोग आज अयोध्या पर आक्षेप कर रहे हैं, इनकी मंशा अच्छी नही है। एक पक्ष कहता था कि राम हुए ही नहीं, यानी अयोध्या को भी ये नकारना चाहते थे। लगातार न्यायालय में मुकदमा लड़ते रहे, वकीलों की फौज राम जन्मभूमि मंदिर के निर्माण के खिलाफ खड़ी करते रहे और दूसरा पक्ष वो है जो जय श्री राम बोलने पर लाठी और गोली चलाते थे।
सीएम ने आगे कहा, भगवान राम का नाम लेने पर जो लोग गोली चलाते थे आज वे कहते हैं कि आस्था के साथ खिलवाड़ हुआ। अरे आस्था तुम हमें बताओगे? राम नवमी पर दंगा करवाते थे, श्री कृष्ण जन्मोत्सव को बैन करते थे, कांवड़ यात्रा को नहीं निकलने देते थे, दुर्गा पूजा में दंगा करवाते थे। याद कीजिए कांग्रेस ने देश को लूटा ही नहीं था, नोंचा था। बेइमानी और भ्रष्टाचार के जो कीर्तिमान स्थापित किए थे, वे लोग आज अयोध्या पर आक्षेप लगा रहे हैं, ये स्वीकार्य नहीं।
