भारतीय ग्रैंडमास्टर आर प्रज्ञानानंदा ने ग्रैंड चेस टूर खिताब जीतकर रचा नया इतिहास
नई दिल्ली। भारतीय ग्रैंडमास्टर आर प्रज्ञानानंदा ने ग्रैंड चेस टूर-2026 का खिताब जीतकर एक नया इतिहास रच दिया है। प्रज्ञानानंदा इस खिताब को जीतने वाले पहले भारतीय शतरंज खिलाड़ी बन गए हैं। सेंट लुइस में खेले गए ग्रैंड चेस टूर के फाइनल मुकाबले में प्रज्ञानानंदा ने अमेरिका के ग्रैंडमास्टर फैबियानो कारूआना को 15-13 से शिकस्त देते हुए खिताब पर कब्जा जमाया। प्रज्ञानानंदा हालांकि शुरुआत में अमेरिकी खिलाड़ी से 6 अंकों से पिछड़ गए थे मगर उन्होंने धैर्य दिखाते हुए सूझबूझ से चालें चलीं और जोरदार वापसी करते हुए गेम पलट दिया। प्रज्ञानानंदा को ट्रॉफी के साथ ही 2 लाख डॉलर यानी कि लगभग 1.91 करोड़ रुपये की प्राइज मनी दी जाएगी।
पहले ब्लिट्ज मुकाबले में प्रज्ञानानंदा के पास जीत का मौका था लेकिन टाइम कम होने के चलते जल्दबाजी में उनसे चूक हो गई। हालांकि अमेरिकी खिलाड़ी फैबियानो कारूआना को प्रज्ञानानंदा की गलती का लाभ नहीं मिला और मुकाबला ड्रा हो गया था। इसके बाद क्लासिकल गेम में कारूआना ने प्रज्ञानानंदा पर 6-0 से जीत दर्ज की थी। इसके बाद दूसरे क्लासिकल गेम में 3-3 से ड्रॉ हो गया। इस तरह से मुकाबले के अंतिम दिन रैपिड और ब्लिट्ज मैचों से ठीक पहले कारूआना के पास प्रज्ञानानंदा से 6 अंकों की बढ़त थी।
तीसरे स्थान के लिए हुए मुकाबले में वेस्ली सो विजेता
वहीं तीसरे स्थान के लिए हुई प्रतिस्पर्धा में वेस्ली सो ने विंसेंट कीमर को हरा दिया। वेस्ली सो ने 18-12 के कुल स्कोर के साथ मुकाबले में जीत दर्ज की। इससे पहले वेस्ली सो ने ब्लिट्ज मैचों में लगातार चारों मैच जीत थे।
ग्रैंड चेस टूर के बारे में-
ग्रैंड चेस टूर की शुरुआत साल 2015 में हुई थी। यह दुनिया के बड़े शतरंज टूर्नामेंट की एक सीरीज है। इसमें पूरे अलग-अलग जगहों पर में क्लासिकल, रैपिड और ब्लिट्ज फॉर्मेट में मुकाबले होते हैं। प्रदर्शन के आधार पर खिलाड़ियों को प्वाइंट्स दिए जाते हैं। सीजन के अंत में खिलाड़ियों के प्वाइंट्स के आधार पर ग्रैंड चेस टूर फाइनल के लिए उनका चयन होता है।
