मुस्लिम बहुल रेजीनगर में बेटे की हार के बाद हुमायूं कबीर ने बाबरी मस्जिद बनवाने का फिर किया एलान
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में आम जनता उन्नयन पार्टी (एजेयूपी) के मुखिया और विधायक हुमायूं कबीर ने एक बार फिर बाबरी मस्जिद का राग गाया है। नावदा सीट से विधायक हुमायूं कबीर ने एलान के साथ ही अगले प्लान के बारे में कहा है कि मुर्शिदाबाद के बेलडांगा में वो बाबरी मस्जिद तामीर कराने के बाद दुबई चले जाएंगे। हुमायूं कबीर ने कहा है कि गोल्डन वीजा लेकर वो दुबई में 10 साल तक रहेंगे।
हुमायूं कबीर ने बेटे को रेजीनगर विधानसभा सीट से उपचुनाव में प्रत्याशी बनाया था। हुमायूं कबीर के बेटे गुलाम नबी आजाद चुनाव हार गए। इसके बाद हुमायूं कबीर ने एलान किया है कि वो मुर्शिदाबाद में 6 दिसंबर 2028 तक बाबरी मस्जिद का निर्माण कराएंगे। जिसके बाद देश छोड़ देंगे। हुमायूं कबीर ने टीएमसी में रहने के दौरान बाबरी मस्जिद बनाने का एलान किया था। बेलडांगा में बाबरी मस्जिद के लिए जमीन खरीदकर हुमायूं कबीर ने वहां मुस्लिम धर्मगुरुओं से 6 दिसंबर 2025 को आधारशिला भी रखवाई थी। इसके बाद पश्चिम बंगाल चुनाव आने पर हुमायूं कबीर ने बाबरी मस्जिद मामले पर चुप्पी साध ली थी।
हुमायूं कबीर रेजीनगर से भी चुनाव जीते थे। उन्होंने नावदा सीट रखकर रेजीनगर के विधायक पद से इस्तीफा दिया था। रेजीनगर सीट के लिए शुक्रवार को हुई वोटों की गिनती में बीजेपी के शंकरराव सरकार ने हुमायूं के बेटे गुलाम नबी आजाद को 75816 वोट के बड़े अंतर से हराया था। जबकि, रेजीनगर में 70 फीसदी मुस्लिम वोटर हैं। रेजीनगर में बीजेपी की जीत पर पश्चिम बंगाल के सीएम शुभेंदु अधिकारी ने कहा था कि मुस्लिमों से दोस्ती कर ली। हुमायूं कबीर ने इससे पहले दावा किया था कि शुभेंदु ने उनसे कहा कि आपका बेटा ही रेजीनगर से जीतेगा। अब हुमायूं कबीर कह रहे हैं कि शुभेंदु अधिकारी और मुर्शिदाबाद के पुलिस अफसरों ने बीजेपी की जीत कराई है। हुमायूं कबीर की ओर से बाबरी मस्जिद बनवाने के एलान से पश्चिम बंगाल में सियासत फिर गर्माने के आसार हैं। बीजेपी और हिंदूवादी संगठनों ने कह रखा है कि वो किसी सूरत में बाबरी मस्जिद नहीं बनने देंगे।
