अमेरिकी टैरिफ पर भारत को मिला चीन का साथ, कहा-धमकाने वाले को एक इंच जमीन दो, तो वह एक मील ले लेगा
नई दिल्ली। भारत पर 50 फीसदी टैरिफ लगाए जाने के अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के फैसले का अब चीन ने भी विरोध किया है। नई दिल्ली में चीनी दूतावास में तैनात राजदूत शू फेइहोंग ने बिना नाम लिए अमेरिका और ट्रंप पर निशाना साधा। उन्होंने कहा है कि धमकाने वाले को एक इंच जमीन दे दो, तो वह एक मील ले लेगा। उन्होंने कहा कि चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने ब्राजील के राष्ट्रपति के मुख्य सलाहकार के साथ 6 अगस्त को हुई टेलीफोनिक वार्ता में कहा, टैरिफ को अन्य देशों को दबाने के लिए एक हथियार के रूप में उपयोग करना अनुचित है डब्ल्यूटीओ नियमों का उल्लंघन है।
चीन का यह रिएक्शन अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के भारत पर 25 फीसदी अतिरिक्त टैरिफ लगाए जाने की घोषणा के एक दिन बाद आया है। इससे पहले फरवरी में चीन और अमेरिका के बीच टैरिफ को लेकर विवाद काफी बढ़ गया था। अमेरिका ने चीन पर टैरिफ लगाया था जिसके बाद चीन ने भी अमेरिका पर टैरिफ का ऐलान कर दिया था। डोनाल्ड ट्रंप ने चीन पर 245 फीसदी तगड़ा टैरिफ थोप दिया था। हालांकि बाद में अमेरिका ने चीन पर 30 प्रतिशत टैरिफ लगाया जो अभी लागू नहीं हुआ है। उधर अमेरिका से जारी टैरिफ वॉर के बीच ड्रैगन ने भारत से व्यापारिक रिश्तों को मजबूत करने की बात कही थी।
चीन भारत के साथ मिलकर काम करने की इच्छा जता चुका है। चीन के राजदूत जू फेइहोंग ने कहा था कि भारतीय कंपनियों के स्वागत के लिए हम तैयार हैं और चीन में भारत के निर्यात को बढ़ावा देंगे। अभी एक दिन पहले भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चीन दौरे को लेकर भी खबर आई है। मोदी 31 अगस्त से 1 सितंबर, 2025 तक चीन के तियानजिन में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए जाने वाले हैं।
