Opendoor ने भारत से समेटा कारोबार, 250 कर्मचारियों की जाएगी नौकरी, मैन्युअली काम पर निर्भरता कम करने पर कंपनी का फोकस
नई दिल्ली। अमेरिका की रियल स्टेट टेक कंपनी Opendoor ने भारत में अपने कामकाज को बंद करने का फैसला लिया है। कंपनी के सीईओ काज नेजैटियन ने खुद इस डिसीजन के बारे में सोशल मीडिया के जरिए जानकारी दी है। इस फैसले से कंपनी में कार्यरत लगभग 250 लोग प्रभावित होंगे। अपने कर्मचारियों को भेजे गए नोट में सीईओ ने लिखा है कि हमारी कंपनी के कस्टमर्स अमेरिका में हैं, इसलिए हमारा ऑपरेशनल काम भी वहीं होना चाहिए। सीईओ ने यह बात भी स्पष्ट की है कि यह फैसला भारत में काम कर रही टीम के प्रदर्शन की कमी के कारण नहीं लिया गया बल्कि यह कंपनी की व्यावसायिक रणनीति का हिस्सा है।
काज नेजैटियन भारत के कर्मचारियों की प्रतिभा को सराहते हैं हुए कंपनी के लिए भारतीय टीम के योगदान की प्रशंसा की है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि ये भारतीय प्रोफेशनल्स दूसरी कंपनियों के लिए भी बेहद मूल्यवान साबित होंगे। Opendoor की तरफ से यह भी कहा गया है कि जिन कर्मचारियों की नौकरी गई है उनको कंपनी की तरफ से हर संभव मदद दी जा रही है। कर्मचारियों को सेवरेंस पैकेज के साथ-साथ नई नौकरी ढूंढने में आउटप्लेसमेंट सर्विस जैसी सुविधाएं मिलेंगी। कंपनी के कामकाज को अमेरिका शिफ्ट करने की इस प्रक्रिया को सुचारू रूप से पूरा करने के लिए कुछ कर्मचारी अस्थाई रूप से काम करते रहेंगे।
CEO के अनुसार, कंपनी ने भारत में विभिन्न कामों के मैन्युअल प्रबंधन के लिए एक बड़ी टीम बनाई थी, लेकिन टेक्नोलॉजी में सुधार और अमेरिका में AI के बढ़ते चलन की वजह से अब भारत से काम करने की जरूरत नहीं रह गई है। उन्होंने आगे कहा कि ओपनडोर मजबूत स्थिति में है और कंपनी की समग्र व्यावसायिक रणनीति में कोई बदलाव नहीं किया गया है। कंपनी का फोकस कामकाज को आसान करना और मैन्युअली काम पर निर्भरता कम करने पर है।
