मादक पदार्थों के खिलाफ सभी प्रदेश सरकारों को एकजुट होने का अमित शाह ने किया आह्वान
नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नई दिल्ली में NCORD (नारको कोऑर्डिनेशन सेंटर) की 10वीं शीर्ष-स्तरीय बैठक को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने नारकोटिक्स कंट्रोल पर विजन डॉक्यूमेंट भी लॉन्च किया। गृह मंत्री ने कहा कि आज हमारा देश नारकोटिक्स के खिलाफ लड़ाई के ऐसे नाज़ुक मोड़ पर खड़ा है कि आने वाले तीन वर्ष यह तय करेंगे कि नशा हम पर विजय प्राप्त करेगा या हम नशे पर विजय प्राप्त करेंगे। देश के आने वाले 100 वर्षों के भविष्य के लिए हमें यह लड़ाई संयुक्त रूप से दृढ़ता से लड़नी चाहिए। इसके लिए सभी सरकारों को एक मंच पर आना होगा। जनता को मार्गदर्शन देने वाले संतों, भविष्य तय करने वाले युवाओं और मातृशक्ति को भी जोड़ना होगा।
अमित शाह ने कहा कि मेरा राज्य सरकारों से अनुरोध है जो उनके यहां के जो भी ड्रग्स डीलर या गैंगस्टर दूसरे देशों में छिपकर काम कर रहे हैं उनके खिलाफ रडे कॉर्नर नोटिस जारी करना, सीबीआई के तंत्र का उपयोग करना और फिर रक्षा एजेंसियों के जरिए उनको वापस लाने की प्रक्रिया करनी होगी। तभी उनके प्रत्यर्पण में सफलता मिलेगी। उन्होंने बताया कि वर्ष 2004 से 2014 तक के दस वर्षों में 26 लाख किलोग्राम सिंथेटिक ड्रग्स जब्त किए गए थे। वहीं, वर्ष 2014 से 2026 तक 1 करोड़ 18 लाख किलोग्राम सिंथेटिक ड्रग्स जब्त किए गए हैं। यह दर्शाता है कि हमारा अभियान सफलता की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहा है। वर्ष 2004 से 2014 के दौरान जब्त किए गए ड्रग्स का मूल्य लगभग 40 हजार करोड़ रुपये था। जबकि वर्ष 2014 से 2026 के बीच जब्त किए गए ड्रग्स का मूल्य लगभग 1 लाख 84 हजार करोड़ रुपये है। यह हमारी कार्रवाई की प्रभावशीलता और व्यापकता में आई उल्लेखनीय वृद्धि को दर्शाता है।
शाह ने कहा कि रियल-टाइम सूचना साझाकरण को हमें हर हाल में सुनिश्चित करना होगा। इसके लिए NCB ने अनेक पोर्टल विकसित किए हैं। मेरा सभी मुख्य सचिवों और पुलिस प्रमुखों से आग्रह है कि अपने-अपने राज्यों में अपराधों का विवरण इन पोर्टलों पर समयबद्ध तरीके से अपलोड कराएं। इससे भारत सरकार इन मामलों की समीक्षा कर आपको आवश्यक फीडबैक और सुझाव दे सकती है।
